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सामान्यता-की-वापसी---Normalcy-Restored

सामान्यता की वापसी – Normalcy Restored

सामान्यता की वापसी एक समय की बात है, भगवान शिव गहन ध्यान में बैठे थे। अपनी समाधि के दौरान वे एक साथ कई लोकों का सृजन और संहार कर रहे थे, ताकि मानव मन ईश्वर की खोज करे और उनके प्रति समर्पण की भावना सीखे। परंतु उनकी पत्नी माता पार्वती इस ध्यान के महत्व को […]

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मोर और कौवों की सभा – Peacock and the Crows’ Meeting

मोर और कौवों की सभा एक बड़े और शांत से जंगल के बीचोंबीच एक पुराना सा बरगद का पेड़ था, जिसकी फैली हुई शाखाओं पर हर तरह के पक्षी बैठते थे। उसी पेड़ के नीचे रोज सुबह एक छोटी सी सभा लगती थी। इस सभा में जंगल के कई पक्षी आते थे, पर सबसे ज्यादा […]

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singhasan-battisi-story-5-in-hindi

सिंहासन बत्तीसी कथा 5 – लीलावती की कथा

सिंहासन बत्तीसी कथा 5 पांचवीं गुड़िया लीलावती की कहानी इस प्रकार है कि अगले दिन प्रातःकाल राजा भोज फिर से उस अद्वितीय सिंहासन पर बैठने के लिए आगे बढ़े, किंतु जैसे ही वे पास पहुँचे, सिंहासन से पांचवीं गुड़िया निकलकर उनके समक्ष आ खड़ी हुई और मधुर स्वर में बोली कि मेरा नाम लीलावती है […]

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जादुई-टेबल-गधा-और-लाठी-–-The-Magical-Table-Donkey-and-Stick (1)

जादुई टेबल, गधा और लाठी – The Magical Table, Donkey and Stick

जादुई टेबल, गधा और लाठी यह कहानी तीन भाइयों की है। बहुत समय पहले उत्तर भारत के एक छोटे से गाँव सनपुरा में तीन भाई रहते थे—हरिदास, मोहनदास और सबसे छोटा गोपीनाथ। तीनों स्वभाव से भले, मेहनती और एक-दूसरे से गहरा प्रेम करने वाले थे। बचपन से ही उनका परिवार आर्थिक तंगी से जूझता रहा […]

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विक्रम-और-बेताल-Vikram-and-Betal

विक्रम और बेताल: इंसानियत की असली पहचान भाग बीस

विक्रम और बेताल: इंसानियत की असली पहचान अंधेरी रात का वह समय था जब श्मशान की आग बुझ चुकी थी और हवा में बस धुएँ की हल्की सी गंध तैर रही थी। राजा विक्रम अपनी तलवार संभाले हुए उसी पेड़ की ओर बढ़ रहे थे जहाँ बेताल उल्टा लटका रहता था। हर कहानी के साथ […]

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सुनहरी-हवा-का-रहस्य---The-Secret-of-the-Golden-Breeze

सुनहरी हवा का रहस्य – The Secret of the Golden Breeze

सुनहरी हवा का रहस्य रात का समय था, गाँव की गलियों में हल्की ठंडक थी और पेड़ों के बीच से गुजरती सुनहरी हवा चमकती लकीरों की तरह आसमान में फैल रही थी। गाँव की बच्ची ध्वनि अक्सर इस हवा को महसूस करती थी। जब बाकी सब बच्चे सो जाते, तब वह अपनी खिड़की पर बैठकर […]

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पानी-की-नन्ही-रानी-–-The-Little-Queen-of-Water

पानी की नन्ही रानी – The Little Queen of Water

पानी की नन्ही रानी गाँव धीरे धीरे चिंता में डूब रहा था क्योंकि नदी का जल हर दिन कम होता जा रहा था, पहले जो नदी पूरे उत्साह से बहती थी अब सिर्फ पतली सी धारा बची थी और कई जगह तो नदी का तल दिखने लगा था, बच्चे खेलना छोड़कर नदी देखने जाते थे […]

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आसमान छूने की चाहत

आसमान छूने की चाहत

हवा का तेज़ झोंका आया। पोस्टमैन मुश्किल से शर्मा जी के घर के दरवाज़े तक पहुँचा। जब दरवाज़ा खुला, तो श्रीमती शर्मा ने “नमस्ते भैया” कहा, लेकिन “धन्यवाद” कहने से पहले ही हवा ने पोस्टमैन के हाथ से चिट्ठियाँ छीन लीं और वे घर के अंदर उड़ गईं। दरवाज़ा ज़ोर से भड़ाम हो गया। श्रीमती […]

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कछुआ-और-दो-लोभी-मछलियाँ---The-Turtle-and-the-Two-Greedy-Fish

कछुआ और दो लोभी मछलियाँ – The Turtle and the Two Greedy Fish

कछुआ और दो लोभी मछलियाँ एक शांत तालाब में एक बूढ़ा कछुआ रहता था। तालाब बहुत बड़ा नहीं था, लेकिन उसमें इतने पेड़ पौधे और ठंडी मिट्टी थी कि हर दिन नया और ताज़ा लगता था। उसी तालाब में दो मछलियाँ भी रहती थीं। दोनों तेज, चमकीली और हमेशा घूमने भागने वाली थीं। पर उनकी […]

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अबिरामी की असीम कृपा - True Devotion to Abirami

अबिरामी की असीम कृपा – True Devotion to Abirami

अबिरामी की असीम कृपा तमिलनाडु में एक बार अबिरामी देवी के एक महान भक्त रहते थे। उनका नाम सुब्रह्मण्यम था। वे देवी के प्रति इतने अनन्य भक्त थे कि हर किसी को उनके बारे में बताते और उनकी महिमा का प्रचार करते। वे अबिरामी मंदिर के पास लोगों के समूह जमा करते, देवी की कथाएँ […]

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